मां शारदे
वीणा वादिनी माता ज्ञान हमको दे दीजिए।
जग बीच अज्ञानी बन डोलू मुझको पनाह तो दीजिए।
तेरी दया से माता गुणवान उपजे है
तेरी महिमा की खेती आकाश में चमके हैं।
तू विख्यात हो माता, दया दान के लिए ,
वीणा वादिनी माता ज्ञान हमको दे दीजिए।
अलंकार की देवी है झंकार की देवी है,
तुझे उपमा में बांधू सरासर तोहीन है।
तेरी शरण में आई हूं अपनी शरण में ले लीजिए।
वीणा वादिनी माता ज्ञान हमको दे दीजिए।
सड़क के पत्थर जैसे ठोकरें खाती,
अल्पज्ञता के कारण दुनिया ठुकराती।
थोड़ी दया दृष्टि मुझ पर बारिश कर दीजिए।
वीणा वादिनी माता ज्ञान हमको दे दीजिए।
उच्छृंखलता बच्चों की बढ़ रही भारी।
मिटा दे माता, तेरी महिमा है न्यारी।
मेहनत कर मेरे प्यारेबच्चों, मैं हूं तेरी माता।
परिश्रम करके ही मेवा मिश्री फल पाइए ।
वीणा वादिनी माता ज्ञान हमको दे दीजिए।
डॉ. इन्दु कुमारी
मधेपुरा बिहार
डॉ. रामबली मिश्र
31-Jan-2023 09:03 PM
बेहतरीन
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Rajeev kumar jha
31-Jan-2023 11:36 AM
Nice
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Gunjan Kamal
31-Jan-2023 05:04 AM
शानदार प्रस्तुति 👌🙏🏻
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